पुराने मंत्रियों की छुट्टी पर पत्रकार रविश कुमार का ती’खा तंज, राहुल का इस्तीफ़ा मांगने वाले कानून मंत्री को कहा…

नरेंद्र मोदी कैबिनेट के विस्तार और तमाम दिग्गज मंत्रियों के इस्तीफे पर वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार ने ती’खी टिप्पणी की है। उन्होंने इसे प्रधानमंत्री राज्य मंत्री विस्तार योजना करा’र दिया है। अपने फेसबुक पेज पर लिखी पोस्ट में रवीश ने कहा कि मोदी दौर में पहली बार मंत्रिमंडल का आकार इतना बढ़ा है, जो किसी मजबूत प्रधानमंत्री का कम, मजबूर प्रधानमंत्री का ज्यादा लगता है।

कैबिनेट से दिग्गज मंत्रियों की छु’ट्टी पर चु’टकी लेते हुए रवीश कुमार ने लिखा कि किसी खबर में संकेत नहीं था कि रविशंकर प्रसाद ह’टाए जा सकते हैं। एक कबीना मंत्री, जो पिछले कई दिनों से ट्विटर जैसी बहुराष्ट्रीय कंपनी में अपना मैनेजर रखवाने के लिए सं’घर्ष कर रहा था, हर दिन ट्विटर को ध’मका रहा था उसका बर्खा’स्त किया जाना अच्छा सं’केत नहीं है। ऐसा संदेश जाएगा कि मंत्री जी कंपनी में अपना मैनेजर रखवा रहे थे और कंपनी ने मंत्री जी को ही हटवा दिया।

रवीश ने आगे तं’ज क’सते हुए लिखा, रविशंकर प्रसाद के बिना राहुल गांधी की आलोचना सुनसान हो जाएगी लेकिन उन्हें इनाम मिलना चाहिए, ताकि अमेरिका तक को यह संदेश जाता कि मोदी के मंत्री किसी से ड’रते नहीं है। इसी तरह डॉक्टर हर्षवर्धन का ह’टाया जाना उन सवालों की पुष्टि करता है कि वह एक नका’रा स्वास्थ्य मंत्री थे और सरकार ने कोरोना ल’ड़ने की कोई तैयारी नहीं की थी।

उन्होंने आगे लिखा अगर सरकार ने कोरोना वायरस से नि’पटने की तैयारी की होती तो लाखों लोग नहीं म’रते और स्वास्थ्य मंत्री को नहीं ह’टाना प’ड़ता। उन्होंने लिखा देश की अर्थव्यवस्था चौ’पट हो गई है, यह प्रधानमंत्री अच्छी तरह जानते हैं। इसलिए अगर वित्त मंत्री को ह’टाते तो बाजार में अच्छा संदेश नहीं जाता।

प्रधानमंत्री मोदी पर नि’शाना साधते हुए एनडीटीवी से जुड़े वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार ने कहा, मंत्रियों की संख्या 54 से 78 करने का तुक समझ में नहीं आता है। मंत्रियों के आने जाने से सरकार का काम नहीं ब’दलता है। सिर्फ नेतृत्व अपनी ना’कामी छि’पाने के लिए यह सब करता है।