दिल्ली MCD चुनाव में बीजेपी का सफाया, AAP ने किया ज’बरदस्त प्रदर्श’न

Delhi MCD By-election 2021 Result: दिल्ली नगर निगम चु’नाव के नतीजे आ चुके हैं। इस बार के चुनावों में भी आम आदमी पार्टी को जब’रदस्त फायदा हुआ है और पार्टी ने 5 में से चार सीटों पर क’ब्जा जमाया। दूसरी तरफ मुख्य विपक्षी दल भाजपा को फायदा नहीं हुआ और उसे किसी सीट पर जीत नहीं मिली। हालांकि, कांग्रेस ने एक सीट पर क’ब्जा जमाया।

आम आदमी पार्टी की इस जीत पर दिल्ली के डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया ने खुशी जताई। उन्होंने कहा, “दिल्ली के लोगों ने हम पर अपना भरोसा जताया है। वे भाजपा से ऊ’ब चुके हैं और ये चु’नाव इसी का इशारा हैं।” सिसोदिया ने विश्वास दिखाते हुए कहा, “2022 के नगर निगम चु’नावों में भाजपा का सफाया हो जाएगा।”

इसके बाद उन्होंने जीत के लिए एमसीडी उपचुनाव में काम करने वाले पार्टी कार्यकर्ताओं को बधाई दी। सिसोदिया ने कहा कि भाजपा के शासन से दिल्ली की जनता अब दुखी हो चुकी है। अगले साल होने वाले एमसीडी चु’नाव में जनता अरविंद केजरीवाल जी की ईमानदार और काम करने वाली राजनीति को लेकर आएगी।

कौन-कौन से वॉर्ड में आम आदमी पार्टी को मिली जीत?: आम आदमी पार्टी को वॉर्ड नंबर-32एन (रोहिणी-सी), वॉर्ड नंबर- 2ई (त्रिलोकपुरी), वॉर्ड नंबर-8ई (कल्याणपुरी) और वॉर्ड नंबर-62एन (शालीमार बाग नॉर्थ) में जीत मिली। इनमें से शालीमार बाग नॉर्थ की सीट पहले भाजपा के पास थी, जबकि बाकी सीटें पहले भी आप के ही खाते में थीं।

कांग्रेस ने छी’नी आम आदमी पार्टी की एक सीट: आप ने जहां भाजपा से एक सीट छी’नी, वहीं खुद उसकी भी एक सीट पर कांग्रेस ने क’ब्जा जमाया। चौहान बांगर सीट से कांग्रेस के चौधरी जुबैर अहमद ने आप के मोहम्मद इशराक खान को 10,642 वो’टों से शि’कस्त दी। इस जीत पर जुबैर अहमद ने ट्वीट कर जनता का शुक्रिया अदा किया और लिखा, “चौहान बांगर की जनता ने आज दिखा दिया कि “धो’खेबा’ज़ों” के लिए अब कोई जगह नहीं है, यह जीत चौहान बांगर के हर उस शख्स की जीत है, जिसने आवाम के हक में आवाज़ बुलं’द की। साथ मिलकर चमकाएंगे, चौहान बांगर।”

गौरतलब है कि इन सभी वॉर्डों में तीन आप के पार्षदों के विधानसभा में चुने जाने की वजह से खाली हुए थे। शालीमार बाग नॉर्थ का वॉर्ड, जिस पर पहले भाजपा का क’ब्जा था, वह पार्षद के नि’धन के बाद खाली हुआ था। इन चुनावों में जीत दर्ज करने वाले पार्षद अब एक साल तक एमसीडी के सदस्य रहेंगे। माना जा रहा है कि यह उपचुनाव 2022 में होने वाले एमसीडी चुनाव के नतीजों के संकेत हो सकते हैं।