PM मोदी से बातचीत के बाद अमेरिका की उपराष्ट्रपति का बड़ा बयान

कोरोना की दूसरी लहर का सामना कर रहे भारत को दुनिया भर से मदद मिल रही है. अमेरिका की उपराष्ट्रपति कमला हैरिस ने आज कहा है कि राष्ट्रपति जो बाइडेन ने सोमवार (26 अप्रैल) को पीएम मोदी से मदद की पेशकश करने के लिए बात की थी और 30 अप्रैल तक यूएसए की मिलि’ट्री और नागरिक जमीन पर राहत कार्यों में जुटे थे.

कमला हैरिस ने कहा कि पहले से ही, हमने भारत को रिफिल करने योग्य ऑक्सीजन सिलेंडर दिए हैं. हमने ऑक्सीजन कंसंट्रेटर भी दिए हैं. इसके साथ ही अमेरिका ने भारत को N95 मास्क भी दिए हैंं साथ ही कोविड रो’गियों के इलाज के लिए रेमेडिसविर की खुराक भी दी है. हम आगे भी और अधिक मदद करने के लिए तैयार हैं.

अमेरिकी उपराष्ट्रपति ने कहा, “भारत और अन्य देशों को अपने लोगों को और अधिक तेजी से टीकाकरण करने में मदद करने के लिए हमने कोविड-19 वैक्सीन पर पेटेंट को निलंबित करने के लिए पूर्ण समर्थन की घोषणा की है. भारत और संयुक्त राज्य अमेरिका में दुनिया में सबसे अधिक कोविड मा’मले हैं.”

कमला हैरिस ने कहा, “महामा’री की शुरुआत में, जब हमारे अस्पताल के बेड कम प’ड़ने लगे तब भारत ने सहायता भेजी थी। आज, हम भारत को उसकी ज़रूरत के समय में मदद करने के लिए दृढ़ हैं. हम यह एशियाई क्वाड के सदस्यों के रूप में, वैश्विक समुदाय के हिस्से के रूप में और भारत के दोस्त के रूप में कर रहे हैं.”

इससे पहले अमेरिका के रक्षा मंत्री लॉयड ऑस्टिन ने कहा कि अमेरिका कोरोना वायरस महामा’री की दूसरी लहर से जूझ रहे भारत के स्वास्थ्यकर्मियों और अग्रिम मोर्चे के कर्मियों की मदद के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है. उन्होंने कहा कि अमेरिका पिछले कुछ दिनों में भारत को जरूरी चिकित्सकीय सामग्री की आपूर्ति कर चुका है।

ऑस्टिन ने गुरुवार को अमेरिकी रक्षा विभाग के मुख्यालय पेंटागन में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा, ‘‘मित्र देश भारत जिस संकट से गु’जर रहा है, मैं बस इतना कहना चाहता हूं कि हमलोग भारत के अग्रिम मोर्चा के कर्मियों को त’त्काल हर संभव मदद कर रहे हैं. अमेरिकी वायु सेना के तीन सी-5 एम सुपर गैलेक्सी विमान और एक सी-17 ग्लोबमास्टर 3 से कई टन आवश्यक चिकित्सकीय सामग्री पहुंचायी गयी है.’’