BJP महासचिव कैलाश विजयवर्गीय कर रहे है अपनी ही सरकार गिराने की कोशिश ? लगे ऐसे आरोप

BJP महासचिव कैलाश विजयवर्गीय के खिला’फ उन्हीं की पार्टी के एक नेता ने मो’र्चा खोल दिया है। वरिष्ठ नेता भंवर सिंह शेखावत ने शनिवार को विजयवर्गीय पर कई गंभी’र आरोप लगाए। शेखावत ने कहा कि 2018 के मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव में बीजेपी सरकार की हार के लिए वही जिम्मेदार हैं और विजयवर्गीय फिर से सूबे में तीन माह पुरानी मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार को अ’स्थिर करने की कोशिश कर रहे हैं।

शेखावत का कहना है कि विजयवर्गीय ने मालवा क्षेत्र में 10 से 12 बा’गी बीजेपी उम्मीदवारों का समर्थन किया था, जिनकी वजह से असल कैंडिडेट्स के वोटों पर असर पड़ा। उनके मुताबिक, 2018 के चुनाव में भाजपा की म.प्र में हा’र के पीछे यही प्रमुख वजह रही थी। यहां तक कि विजयवर्गीय ने बागियों को फंडिंग भी की। वह अति-महा’त्वा’कांक्षी हैं और खुद मुख्यमंत्री बनना चाहते हैं।

2008 के म.प्र विस चुनाव में BJP ने 109 सीटें हासिल की थीं, जबकि Congress के खाते में 114 सीटें गई थीं। बता दें कि शेखावत Madhya Pradesh State Cooperative Bank के पूर्व चेयरमैन हैं। वह धार जिले में भंडवार सीट से चुनाव हा’र गए थे, जो कि उन 24 चुनावी क्षेत्रों में से एक हैं, जहां पर उप-चुनाव होना बाकी है।

शेखावत का दावा है, “मैं ही विजयवर्गीय को लेकर राजनीति में आया, पर बाद में उन्होंने मेरे साथ अच्छा स’लूक नहीं किया।” सीनियर बीजेपी नेता ने कहा कि विजयवर्गीय 2018 में 35 सीटों के लिए प्रभारी थे। उन्होंने 13 साल से सीएम गद्दी पर बैठे चौहान को वहां से ह’टाने के लिए ऐसे तिग’ड़म भि’ड़ाए, ताकि पार्टी को कम सीटें मिलें। यह भी आ’रोप है कि विजयवर्गीय ने भ्र’ष्टा’चार कर पैसा बनाया। पार्टी के हेलीकॉप्टरों के लिए आए पैसे को उन्होंने दबाया और उससे बागियों को फंडिंग की।

इतना ही नहीं, शेखावत ने मध्य प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष वीडी शर्मा को इस बारे में बताया है और शिकायत की है कि विजयवर्गीय एक बार फिर से शिवराज सरकार को गि’राने के प्रयास कर रहे हैं। शेखावत का कहना है कि अगर विजयवर्गीय पर कोई ऐक्शन नहीं हुआ, तब वह सीधे बीजेपी चीफ जेपी नड्डा का दरवाजा खट’ख’टा’एंगे।