फारूख अब्दुल्ला पर देशद्रो’ह की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सुनाया बड़ा फैसला, हि’ली सरकार

सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला के खि’लाफ दायर एक याचिका को खारिज कर दिया। दरअसल, अब्दुल्ला पर अनु’च्छेद 370 के खि’लाफ बयान देने के लिए याचिका दायर कर दे’शद्रो’ह की धा’राओं के तहत का’र्रवाई की मांग की गई थी। लेकिन सर्वोच्च न्यायालय ने कहा कि सरकार से अलग विचार जाहिर करना दे’शद्रो’ह का अपरा’ध नहीं।

सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस संजय किशन कौल और जस्टिस हेमंत गुप्ता की बेंच ने फैसला सुनाते हुए याचिकाकर्ता पर 50 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया। बता दें कि याचिका में मांग की गई थी कि देशविरो’धी बयान के लिए फारूक अब्दुल्ला की सं’सद सदस्यता र’द्द की जाए और उन पर आईपीसी की धा’रा-124ए के तहत का’र्रवाई की जाए।

क्या बोले थे फारूक अब्दुल्ला?: जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूख अब्दुल्ला ने पिछले साल अनुच्छेद 370 व 35ए के संबंध में कहा था कि इन दोनों धा’राओं की बहा’ली में चीन से मदद मिल सकती है। 370 ह’टाना हमें कबू’ल नहीं है. जब तक 370 बहा’ल नहीं होता तब तक हम लोग रु’कने वाले नहीं हैं। बता दें कि भारत सरकार ने 5 अगस्त 2019 को जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 को र’द्द कर दिया था। बाद में राज्य को दो कें’द्र शासित प्रदेशों में बां’ट दिया था।