CM योगी आदित्यनाथ ने प्रियंका गाँधी को मारा ताना,बोले- यूपी से ज्यादा इटली…

अगले साल उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं जिसे लेकर सभी पार्टियां अपना मोर्चा खोल चुकी हैं। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी भी उत्तर प्रदेश में सक्रिय हैं। प्रदेश में कांग्रेस का चेहरा प्रियंका गांधी बन सकती हैं जिसे लेकर योगी आदित्यनाथ ने तंज़ किया है। उन्होंने कहा है कि प्रियंका गांधी अंतर्राष्ट्रीय नेता हैं, वो उत्तर प्रदेश में क्यों अपनी प्रतिभा खपा रही हैं।

आज तक के कार्यक्रम, ‘पंचायत आज तक 2021’ में बोलते हुए योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश चुनाव को लेकर अपने विरो’धियों पर निशाना साधा। योगी आदित्यनाथ से सवाल पूछा गया कि कांग्रेस अगर प्रियंका गांधी को योगी के खि’लाफ उतारती है तो उनके लिए मुख्य चुनौ’ती क्या होगी?

जवाब में आदित्यनाथ ने कहा, ‘वो तो बहुत बड़ी नेता हैं, राष्ट्रीय नेता हैं। प्रदेश में क्यों अपनी प्रतिभा को खपाना चाह रही हैं। इतने बड़े नेता हैं, अंतरराष्ट्रीय स्तर के। वो जितना उत्तर प्रदेश में आती हैं, उससे ज्यादा इटली में गई होंगी संभवतः।’ योगी आदित्यनाथ ने आगे कहा, ‘अंतरराष्ट्रीय नेताओं को अंतरराष्ट्रीय चु’नाव लडने चाहिए, राष्ट्रीय स्तर के चुनाव ल’ड़ने चाहिए, प्रदेश के चुनाव छोटे-छोटे चुनाव होते हैं।’

योगी आदित्यनाथ ने अपने विरोधी और समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव पर भी तंज़ किया है। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों सरकार का अन्न वितरण कार्यक्रम था, अखिलेश यादव भी अपनी मौजूदगी दिखाने के लिए अपनी बीएमडब्ल्यू साइकिल लेकर पिकनिक मनाने निकल पड़े। लेकिन पिकनिक मनाकर प्रदेश की जनता को भ्रमित नहीं किया जा सकता।

वहीं, सीएम ने उत्तर प्रदेश की बे’रोजगारी पर बात करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य है जिसने कोरोना की दूसरी लहर के दौरान भी प्रदेश के उद्योग धं’धे बंद नहीं होने दिए।

इसी दौरान योगी आदित्यनाथ से कोविड के दौरान गंगा में बहते शवों पर भी सवाल किया गया जिसके जवाब में वो हिंदुओं के अं’तिम संस्कार के तरीके बताने लगे। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में ऐसी स्थिति पहली बार नहीं बनी थीं बल्कि 2012 और 2014 में भी ऐसी ही तस्वीरें देखने को मिलती थी। लेकिन साल 2017 के बाद हमने इस पर रो’क लगाई थी।

इसके बाद योगी आदित्यनाथ ने कहा कि हिं’दू पद्धति में तीन प्रकार के अंतिम संस्कार की कार्यवाही होती है। एक अग्नि समाधि संस्कार, दूसरा भू समाधि और तीसरा जल प्रवाह।