बीजेपी नेता और राज्यसभा सांसद अशोक गास्ती का नि’धन

राज्यसभा सांसद और कर्नाटक बीजेपी के नेता अशोक गास्ती का गुरुवार को बेंगलुरु में नि’धन हो गया। उनकी कोरो’ना वाय’रस रिपोर्ट पॉ’जिटिव आने के बाद उनके 2 सितंबर को अस्प’ताल में भ’र्ती कराया गया था। बता दें कि कर्नाटक पि’छड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष के रूप में कार्य करने वाले भाजपा नेता अशोक गास्ती ने इस साल 22 जुलाई को राज्यसभा सांसद के रूप में शपथ ली थी।

कर्नाटक के रायचूर जिले में बीजेपी को संगठिन और मजबूत बनाने का श्रेय गास्ती को दिया जाता है। गास्ती 18 साल के थे तभी उन्होंने बीजेपी ज्वाइन की थी और कर्नाटक बीजेपी के युवा मो’र्चा के अध्यक्ष भी रह चुके थे।

15 दिनों पहले बेंगलुरु के मणीपाल अस्प’ताल में भ’र्ती कराया गया था. सत्तारूढ़ बीजेपी के नेता अशोक गास्ती इसी साल कर्नाटक से राज्यसभा सदस्य चुने गए थे. पेशे से वकील रहे 55 वर्षीय गास्ती, नाई समुदाय से थे. उनका गृह जिला रायचूर है.गास्ती के नि’धन पर उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू, लोकसभा स्पीकर ओम बिरला समेत ने ट्वीट कर दु’ख जताया है.

वे 55 वर्ष के थे और 18 साल की उम्र में भाजपा की युवा इकाई एबीवीपी से जुड़कर राजनीति की शुरुआत की थी। उन्होंने इसी साल 22 जुलाई को राज्यसभा सांसद के तौर पर शप’थ लिया था।भाजपा नेता के नि’धन पर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने शो’क जताया और परिवार के प्रति अपनी संवे’दना प्रकट की।

55 वर्षीय अशोक गस्ती उत्तरी कर्नाटक के रायचुर इलाके के निवासी हैं. इससे पहले वह बूथ स्तर के कार्यकर्ता थे. इस साल जून में अपने चुनाव के बाद, अशोक गस्ती को महा’मा’री के कारण संसद में पहुंचे. हालांकि अभी तक उन्हें संसद में उपस्थित होने का मौका नहीं मिला है. वह पहली बार राज्यसभा सदस्य भी बने.

बताते चले कि अपने नामांकन के दौरान सांसद अशोक गस्ती ने  बातचीत के दौरान कहा था कि यह मेरे लिए काफी खुशी की बात है. एक बूथ स्तर के कार्यकर्ता को इस तरह से पहचान दी गई है. इस तरह की पहचान बना पाना सिर्फ बीजेपी में ही संभव हो सकता है. इससे लाखों भाजपा कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह है. मैं सभी बीजेपी नेताओं का शुक्रिया अदा करना चाहता हूं.”